आनंद महिंद्रा के बाद वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल कोरोना से लड़ने के लिए देंगे 100 करोड़ की मदद

अग्रवाल ने कहा कि यह वह समय है जब देश को हमारी सबसे ज्यादा जरूरत है. बहुत से लोग भविष्य को लेकर अनिश्चित हैं और वह खासकर रोज कमाकर गुजारा करने वालों के लिए चिंतित हैं.

नई दिल्ली: देश में कोरोनावायरस से लड़ाई के लिए अब उद्योगपति भी सामने आ रहे हैं. आनंद महिंद्रा के बाद वेदांता ग्रुप के चेयरमैन अनिल अग्रवाल ने 100 करोड़ रुपये की मदद का ऐलान किया है.

वहीं इससे पहले उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने कहा था कि वो सहयोगियों से फंड में पैसे देने को कहेंगे. उन्होंने कहा है कि वो अपनी पूरी सैलरी इस काम में लगाएंगे और आने वाले महीनों में और पैसे देंगे. उन्होंने अन्य उद्योगपतियों से अपील की है कि वो भी उनकी मदद के लिए आगे आएं जिन्हें सबसे ज़्यादा धक्का पहुंचा है.

अनिल अग्रवाल ने ट्वीट कर कहा है, ‘मैं इस महामारी से लड़ाई के लिए 100 करोड़ देने का वचन दे रहा हूं. हमें देश की जरूरत के लिए वचन के तहत यह कर रहे हैं. यह वह समय है जब देश को हमारी सबसे ज्यादा जरूरत है. बहुत से लोग भविष्य को लेकर अनिश्चित हैं और मैं खासकर रोज कमाकर गुजारा करने वालों के लिए चिंतित हूं. हम अपनी तरफ से मदद की पूरी कोशिश करेंगे.’

अनिल अग्रवाल भी जनता कर्फ्यू के दौरान थाली बजाते हुए नज़र आये थे. उन्होंने ट्विटर पर अपनी प्रतिक्रिया शेयर की थी.

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इससे पहले दिग्गज उद्योगपति आनंद महिंद्रा ने भी मदद की घोषणा की थी. उन्होंने कहा था कि इस भयावह स्थिति से निपटने के लिए महिंद्रा समूह तुरंत इस ओर कदम बढ़ाए कि मैन्युफैक्चरिंग यूनिट का वेंटिलेटर बनाने में इस्तेमाल किया जा सके.

फिल्म मेकर मनीष मुंद्रा भी संकट की घड़ी में मदद के लिए आगे आए और उन्होंने 3 करोड़ रुपए दान देने की घोषणा की है. दरअसल उनका ध्येय 70 वेंटिलेटर बनाने का है. उनका कहना है कि इसके लिए फंड तैयार है. उन्होंने ये भी बताया कि उनके मुताबिक मैसूर का स्कैनरे अच्छा वेटिंलेटर बनाता है.

आपको बता दें, पेटीएम के संस्थापक और सीईओ विजय शेखर शर्मा ने रविवार को ट्वीट कर कहा था कि ‘हमें अधिक संख्या में भारतीय इनोवेटर्स, शोधकर्ताओं की जरूरत है जो वेंटिलेटर की कमी और कोविड के इलाज के लिए देसी समाधान खोज सकें. पेटीएम कोविड संबंधित चिकित्सा समाधानों पर काम करने वाले ऐसे दलों को पांच करोड़ रुपये देगा.’

कौन हैं अनिल अग्रवाल

अनिल अग्रवाल का जन्म बिहार में हुआ. उन्होंने मिलर हाई स्कूल से शिक्षा प्राप्त की. अग्रवाल वेदांत रिसोर्सेज पीएलसी के संस्थापक और अध्यक्ष हैं.

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आपको बता दें, भारत में कोरोनावायरस के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं. अब तक आठ लोगों की इससे मृत्यु हो चुकी है. कोरोनावायरस के लक्षण आम सर्दी जुकाम की ही तरह हैं. खांसी, बुखार और सांस लेने में दिक्कत इसके आम लक्षण हैं. इसको देखते हुए राजधानी दिल्ली समेत देशभर के ज्यादातर राज्यों में लॉकडाउन कर दिया गया है.

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