35 C
Uttar Pradesh
Monday, September 20, 2021

कोविड-19 प्रबंधन हेतु गठित टीम-09 को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के दिशा-निर्देश

भारत

e14612343fcbf6d3201345a840e96510?s=120&d=mm&r=g
डॉ. एसके सिंह
Dr. SK Singh is a senior journalist, he has also worked for Dainik Jagran and Amar Ujala's newspapers.

● सतत प्रयासों से कोरोना की दूसरी लहर पर बने प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ जनजीवन तेजी से सामान्य हो रहा है। आज प्रदेश के 17 जनपदों (अलीगढ़, अमेठी, बलिया, बांदा, बहराइच, बिजनौर, चित्रकूट, देवरिया, फर्रुखाबाद, फिरोजाबाद, हरदोई, हाथरस, कासगंज, कौशाम्बी, महोबा, संतकबीरनगर और शामली) में कोविड का एक भी मरीज शेष नहीं है। यह जनपद आज कोविड संक्रमण से मुक्त हैं। औसतन हर दिन ढाई लाख से अधिक टेस्ट हो रहें हैं, जबकि पॉजिटिविटी दर 0.01 बनी हुई है और रिकवरी दर 98.6 फीसदी है। विगत 24 घंटे में हुई 01 लाख 89 हजार 744 सैम्पल की टेस्टिंग में 62 जिलों में संक्रमण का एक भी नया केस नहीं पाया गया, जबकि 13 जनपदों में इकाई अंक में मरीज पाए गए। वर्तमान में प्रदेश में एक्टिव कोविड केस की संख्या 419 रह गई है। यह सतर्कता और सावधानी बरतने का समय है। थोड़ी सी लापरवाही संक्रमण को बढ़ाने का कारक बन सकती है।

● ट्रेसिंग, टेस्टिंग और त्वरित ट्रीटमेंट के मंत्र से अच्छे परिणाम मिल रहे हैं। अब तक 06 करोड़ 92 लाख 84 हजार 717 कोविड सैम्पल की जांच की जा चुकी है। विगत 24 घंटे में हुई टेस्टिंग में 17 नए मरीजों की पुष्टि हुई। इसी अवधि में 36 मरीज स्वस्थ होकर डिस्चार्ज हुए। 294 लोग घर पर उपचाराधीन हैं। प्रदेश में अब तक 16 लाख 85 हजार 761 प्रदेशवासी कोरोना संक्रमण से मुक्त होकर स्वस्थ हो चुके हैं। इस स्थिति को और बेहतर करने के लिए ट्रेस, टेस्ट और ट्रीट की नीति के अनुरूप सभी जरूरी प्रबंध किए जाएं।

● राज्य स्तरीय स्वास्थ्य विशेषज्ञ सलाहकार समिति की अनुशंसाओं के अनुरूप आज से माध्यमिक, उच्च, प्राविधिक और व्यावसायिक शिक्षण संस्थानों में 50 फीसदी क्षमता के साथ भौतिक रूप से पठन-पाठन प्रारंभ हो रहा है। सभी जगह कक्षाएँ दो पाली में चलें। कोविड प्रोटोकॉल का पूरा ध्यान रखा जाए। रक्षाबंधन के उपरांत 23 अगस्त से 06वीं से 08वीं तक तथा 01 सितंबर से कक्षा 01 से 05वीं तक के विद्यालयों में पठन-पाठन प्रारंभ करने पर विचार किया जाए।

● लगातार प्रयासों से मेडिकल कॉलेजों को साधन संपन्न बनाया जा रहा है। सभी केंद्रों पर ऑक्सीजन कंसंट्रेटर सहित विभिन्न चिकित्सकीय उपकरण उपलब्ध कराए गए हैं। इन सभी का पूरा विवरण रखा जाए। स्टॉक रजिस्टर मेंटेन रखें। यदि कोई उपकरण, भारत सरकार, राज्य सरकार अथवा सीएसआर के माध्यम से प्राप्त हुई हो, तो उसका भी विवरण रखें। वार्षिक ऑडिट भी हो। बेहतर हो कि एक पोर्टल विकसित करते हुए हर सरकारी सामान की उपलब्धता का पारदर्शिता पूर्ण विवरण रखा जाए।

● टीकाकरण की प्रक्रिया को और तेज करने की जरूरत है। उत्तर प्रदेश एक मात्र राज्य है, जहां अब तक 05 करोड़ 74 लाख 39 हजार से अधिक वैक्सीन डोज लगाई जा चुकी है। 04 करोड़ 82 लाख 53 हजार से अधिक लोगों ने वैक्सीन की एक डोज प्राप्त कर ली है।

● प्रदेश में अब तक 92 लाख से अधिक लोग कोविड टीके की दोनों डोज प्राप्त कर चुके हैं। इस स्थिति को और बेहतर करने की आवश्यकता है। कोविड टीके की दूसरी खुराक समय पर मिलना सुनिश्चित कराया जाए। जिन लोगों को दूसरी डोज लगाई जानी है, उनसे संवाद-संपर्क किया जाए।

● जनपद लखनऊ के बालूअड्डा क्षेत्र में दूषित जल के सेवन से बीमार हुए लोगों के स्वास्थ्य की समुचित देखभाल की जाए। यह सुखद है कि 36 लोग स्वस्थ भी हो चुके हैं। यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रदेश में कहीं भी इस घटना की पुनरावृत्ति न हो।

● राष्ट्रीय आयुर्विज्ञान आयोग द्वारा प्रदेश के नौ जनपदों में स्थापित कराये जा रहे मेडिकल कॉलेजों का परीक्षण कर लिया गया है। एनएमसी की अनुमति के उपरांत इन मेडिकल कॉलेजों का लोकार्पण किया जाएगा। इन कॉलेजों की प्रयोगशाला, पुस्तकालय, शिक्षक, सहायक कार्मिक, उपकरण आदि के संबंध में अवशेष कार्यों को तेजी के साथ पूरा किया जाए।

● महिला सुरक्षा, सम्मान और स्वावलम्बन को समर्पित “मिशन शक्ति के तीसरे चरण की शुरुआत 21 अगस्त से हो रही है। राजधानी लखनऊ में आयोजित मुख्य समारोह की तर्ज पर सभी जिलों में भव्य कार्यक्रम हों। स्वाधीनता के “अमृत महोत्सव” वर्ष को दृष्टिगत रखते हुए इस विशेष अवसर पर कोविड काल में उत्कृष्ट कार्य करने वाली महिला चिकित्सकों, स्वास्थ्यकर्मियों, महिला स्वयं सहायता समूहों, महिला स्वयंसेवी संगठनों, शिक्षा, महिला सशक्तिकरण आदि के क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य करने वाली 75 महिलाओं को सम्मानित किया जाना चाहिए। रक्षाबंधन के पूर्व दिवस पर हो रहे इस कार्यक्रम में सहभागी हो रहीं सभी माताओं-बहनों को एक राखी-एक मास्क का सुरक्षा कवर उपहार के रूप में दिया जाए।

● बिजली बिल में ओवरबिलिंग की शिकायतों का तत्काल निस्तारण कराया जाए। बिजली बिल बकाए के नाम पर एक भी उपभोक्ता का उत्पीड़न न हो। लोगों की शिकायतों का समाधान करते हुए उन्हें समय पर बिल भुगतान के लिए प्रोत्साहित किया जाना चाहिए।

Read More: Uttar Pradesh Education Update: आज से खुलेंगे 9वीं से 12वीं तक के स्कूल

- Advertisement -

सबसे अधिक पढ़ी गई

- Advertisement -

ताजा खबरें